Skip to main content

जवाबदेही कानून के लिए आंदोलन : दुनिया के लिए जयपुर चमकता हुआ शहर लेकिन कच्ची बस्तियों के लोग आज भी मूलभूत सुविधाओं के अभाव में जीने को मजबूर


जयपुर। सूचना एवं रोजगार अधिकार अभियान राजस्थान द्वारा जवाबदेही कानून की मांग को लेकर शहीद स्मारक पर चल रहे धरने में आज बेघर घुमंतू और कलाकार समुदाय के मुद्दों पर बातचीत और जनसुनवाई हुई। इस जनसुनवाई में किस प्रकार देकर घुमंतू और कलाकार आज भी मूलभूत सुविधाओं से महरूम है यह उन्होंने बताया।

आज की जनसुनवाई में अपनी बात रखते हुए घुमंतुओं के अधिकारों के लिए लंबे समय से संघर्षरत पारस बंजारा ने कहा कि राजस्थान में आज भी घुमंतू बेघर और कलाकार समुदाय मुख्यधारा से बहुत दूर हैं। विकास तो इनकी पहुंच से अभी कोसों दूर है। उन्होंने आगे कहा कि बेघर, घुमंतुओं और कलाकारों के पास आवास नहीं, घर के पट्टे नहीं, पहचान के कोई दस्तावेज नहीं होने से सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं ले पाते हैं। यहां तक कि जिंदा और मुर्दा लोगों को एक साथ रहना पड़ता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को इस तरह की नीतियां बनानी चाहिए जिससे बेघर घुमंतू और कलाकार विकास की मुख्यधारा में आ सकें।

कलाकार समुदायों के साथ लंबे समय से काम कर रही करने सुप्रिया ने कहा कि जयपुर शहर पूरी दुनिया के लिए चमकता हुआ शहर है लेकिन इसकी कच्ची बस्तियों के लोग आज भी मूलभूत सुविधाओं के अभाव में जीवन जीने को मजबूर हैं। आज कोविड़ की वजह से आजीविका का भयंकर संकट उत्पन्न हो गया है। इसलिए इन बस्तियों में भी मूलभूत सुविधाएं पहुंचनी चाहिए।  

तो वहीं विकास अध्ययन केंद्र के प्रोफेसर मोतीलाल महामलिक ने कहा कि बेघरों के लिए एक नीति राज्य सरकार द्वारा लाई जा रही है यह अच्छी बात है लेकिन उस नीति के अनुसार बजट भी आवंटित हो तभी उस नीति का वास्तविक फायदा इन समुदायों को मिल सकेगा।


होटल एवं पर्यटन उद्योग से जुड़े तरुण बंसल ने कहा कि राज्य में लोक कलाकारों का कोई डेटाबेस नहीं है इसलिए होटल एवं पर्यटन उद्योग से जुड़े लोग उनको बुला नहीं पाते हैं और इसका खामियाजा लोक कलाकारों को भुगतना पड़ता है इसलिए राज्य सरकार सभी लोक कलाकारों का एक डेटाबेस तैयार करे।

भारत ज्ञान विज्ञान समिति से जुड़ी कोमल श्रीवास्तव ने कहा कि जयपुर सहित सभी शहरों में बेघरों और घुमंतु समुदाय के लोगों  के लिए आवास, शिक्षा एवं स्वास्थ्य सुविधाएं राज्य सरकार द्वारा प्रदान किया जाना सुनिश्चित की जाए। आज यह  बेघर और घुमंतु समुदाय के लोग जवाबदेही की मांग करने शहीद स्मारक पर पहुंचे हैं।

प्रसिद्ध कठपुतली कलाकार एवं रंगकर्मी रामलाल भट्ट ने कहा कि लोक कलाकारों की कला से तो सभी प्रेम करते हैं और कुछ समय के लिए वाहवाही भी करते हैं लेकिन वे दैनिक जीवन में किन समस्याओं से जूझ रहे हैं कोई बात नहीं करते हैं और ना करना चाहते हैं। वे  शिक्षा , स्वास्थ्य,  पानी , बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं से आज भी वंचित है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को कलाकारों के कल्याण के लिए आवश्यक कदम उठाने चाहिए।

जनसुनवाई में विभिन्न कच्ची बस्तियों के कलाकार, बेघर और घुमंतुओं ने हिस्सा लिया। कठपुतली कॉलोनी से आई कमला देवी ने बताया कि घर नहीं है, राशन मिलता नहीं है और पानी भी या तो आता नही और आता है तो गंदा पानी आता है। क्या हम लोग इंसान नहीं है क्या?

पानीपेच कलाकार कॉलोनी से आई शांति सपेरा ने कहा कि उनके पास ना घर है ना पानी आता है कैसे घर चलाए और जीएं। यहीं से आई विधवा सजना सपेरा ने बताया कि उनके घर में कोई कमाने वाला नहीं है उनके पास 2 बेटियां हैं और उनका पालन पोषण वह किस प्रकार करे। यहां तक कि उन्हें खाद्य सुरक्षा के तहत राशन भी नहीं मिलता है।

पानीपेच से आई राजकी सपेरा ने बताया कि उसको ना तो राशन मिलता है और ना ही कोई रोजगार मिलता है जिससे बच्चों। का पालन पोषण किया जा सके। उन्होंने बताया कि उनके पास 4 छोटे बच्चे हैं और पालनहार भी कभी आता है कभी नहीं आता है। 

प्रसिद्ध शोधकर्ता नवीन नारायण ने कहा कि घुमन्तुओं को सभी सरकारों ने ठगा है। घुमन्तु हिन्दू मुसलमान दोनों धर्मों में होते है । लेकिन वे पहचान के संकट से जूझ रहे है। इन समुदायों को अंग्रेजो ने तो नुकसान पहुंचाया ही लेकिन लेकिन आजाद भारत मे भी इन्हें राहत नही मिली है। 

लोक गायक सरूप खान मिरासी ने बताया कि राज्य सरकार ने पिछले बजट में DNT नीति की घोषणा की थी लेकिन वो अभी फाइलों में ही घूम रही है। वर्तमान बजट में DNT शब्द ही नदारत है और सरकार ने घुमन्तुओं की घोर उपेक्षा की है। कलाकरों के मानदेय में वृद्धि की है लेकिन वो अपर्याप्त है।

आज की जनसुनवाई में प्रसिद्ध कलाकार एवं लोक गायिका प्रेम दमामी, पप्पू राम भोपा, जनता कंजर, श्याम भाट, ममता सपेरा सहित जयपुर की कलाकार बस्तियों से आये सैकड़ों घुमंतु, कलाकरो ने अपनी समस्याएं रखी और आज की सभा को संबोधित किया।

गौरतलब है कि पिछले 10 वर्षों से जवाबदेही कानून के लिए आंदोलन चल रहा है। हर व्यक्ति छोटे छोटे काम के लिए और समस्याओं के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगाते रहते हैं लेकिन उनके काम होते नहीं हैं और वे आगे से आगे अपना आवेदन देते रहते हैं यहां तक कि देश के महामहिम राष्ट्रपति को पत्र भेजते हैं लेकिन तब भी उनके काम नहीं होते हैं। इसलिए निर्धारित समय में काम और समस्याओं के समाधान की व्यवस्था बने और समय पर काम, समस्या का निराकरण नहीं करने या जवाब नहीं देने पर जिले और राज्य स्तर पर स्वतंत्र अधिकरण और आयोग बने जो सरकारी कर्मचारियों, अधिकारियों के ऊपर जुर्माना लगाए, उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही करे और शिकायतकर्ता को मुआवजा दिलाए।

Comments

Popular posts from this blog

DSP का महिला कांस्टेबल के साथ नहाते हुए का अश्लील वीडियो वायरल, DGP ने किया सस्पेंड, DSP ने वीडियो को बताया फेक

देवेंद्र शर्मा... राजस्थान पुलिस की वर्दी को शर्मिंदा करने वाला एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। इस वायरल वीडियो में एक पुलिस अफसर, एक महिला कांस्टेबल के साथ स्वीमिंग पूल में नहाते हुये व अश्लील हरकत करते हुये दिखाई दे रहे हैं। लेकिन हैरानी की बात यह है कि स्वीमिंग पूल में एक बच्चा भी साथ में है। डीएसपी बच्चे के सामने ही महिला के साथ अश्लील हरकत करने में मस्त हैं। वीडियो वायरल होते ही डीजीपी एमएल लाठर ने डीएसपी को सस्पेंड करने के आदेश जारी कर दिए हैं। इस संदर्भ में अजमेर आईजी एस. सेंगाथिर का कहना है कि जांच के बाद डीएसपी को सस्पेंड किया गया है। अभी विभागीय जांच जारी है। तो वहीं डीएसपी हीरालाल सैनी का कहना है कि वे महिला को नहीं जानते हैं। वीडियो पूरी तरह से फेक है। इसे एडिट करके वायरल किया जा रहा है। मामले में महिला कांस्टेबल ने भी शिकायत दर्ज करवाई है। शिकायत में बताया कि कोई उनका फेक वीडियो बनाकर ब्लैकमेल कर रहा है। एनएनएच न्यूज इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है।

RAA की प्रदेश स्तरीय बैठक हुई आयोजित, 5 सूत्रीय मांग पत्र को सरकार से मनवाने के लिए संयोजक नियुक्त

देवेंद्र शर्मा... जयपुर। राजस्थान एकाउन्टेन्ट्स एसोसिएशन की प्रदेश स्तरीय बैठक में संगठन के 5 सूत्रीय मांग पत्र को सरकार से मनवाने के लिए प्रदेश स्तरीय संघर्ष समिति का संयोजक बीकानेर के श्रीलाल भाटी को बनाया गया है। संघर्ष समिति संयोजक श्रीलाल भाटी ने विभिन्न जिला शाखाओं को प्रतिनिधित्व देते हुए प्रदेश स्तरीय संघर्ष समिति की घोषणा की है। जिसमें संजय जैन, जयपुर को सचिव एवं 07 उप संयोजक 09 सह संयोजक 01 उपसचिव, वित्त प्रभारी शधनेश सेठी, मीडिया प्रभारी विकास अग्रवाल सहित 14 सदस्यों का मनोनयन किया गया है। साथ ही संघर्ष समिति संयोजक भाटी के संगठन की 05 सूत्रीय मांगों की पूर्ति हेतु सरकार की उदासीनता को देखते हुए आंदोलन के प्रथम चरण की घोषणा की गई है। इसी क्रम में आज प्रदेश सचिव संजय जैन के नेतृत्व में शिष्ट मण्डल निदेशक कोष एवं लेखा विभाग, जयपुर से मिला तथा संगठन की मांगो पर शीघ्र कार्यवाही हेतु निवेदन किया। इस दौरान मीडिया प्रभारी विकास अग्रवाल ने बताया कि शीघ्र ही चरण बद्ध आंदोलन प्रारम्भ किया जायेगा, जिसमें  मुख्यमंत्री अशोक गहलोत को मागों की पूर्ति के संबंध में ट्वीट करना सरक

रामगंज थाना इलाके का हिस्ट्रीशीटर मुन्ना तलवार की हुई मौत...

देवेंद्र शर्मा... जयपुर के रामगंज थाना इलाके का हिस्ट्रीशीटर मुन्ना तलवार की रविवार को मौत हो गई. बता दें कि कुख्यात अपराधी मुन्ना तलवार को कुछ दिन पूर्व भी कोरोना संक्रमण के चलते जयपुर के आरयूएचस अस्पताल में भर्ती करवाया था. जहां उपचार के दौरान मुन्ना तलवार की मौत हो गई है. गौरतलब है कि रामगंज इलाके के हिस्ट्रीशीटर मुन्ना तलवार पर कई आपराधिक मामले जयपुर के विभिन्न थानों में दर्ज है. जिनमें फायरिंग के लगभग 1 दर्जन से ज्यादा मामले दर्ज है. बता दें कि हाल ही में जयपुर की सदर थाना पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर मुन्ना तलवार को एक मामले में गिरफ्तार किया था. मिली जानकारी के अनुसार हिस्ट्रीशीटर मुन्ना तलवार को राजपासा एक्ट के तहत गिरफ्तार किया गया था. तो वहीं पुलिस प्रशासन ने मुन्ना तलवार की गैंग पर नकेल कसते हुये इस गैंग के अन्य सदस्यों को भी राजपासा एक्ट के तहत गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया. जयपुर सेंट्रल जेल में सजा काटने के दौरान हिस्ट्रीशीटर मुन्ना तलवार की कोरोना जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई और तत्काल पुलिस ने हिस्ट्रीशीटर मुन्ना को आरयूएचएस अस्पताल में भर्ती करवाया गया, जहां पर उपचार के दौरान रविवा